Jivisha का तीरों वाला लोगोJIVISHAPLANNERS AND INVEST MENTORS
हम चाहते हैं कि आपका पैसा भी उतनी ही मेहनत करे, जितनी आप करते हैं।

वित्तीय नियोजन और परामर्श

एक वित्तीय योजना, जो आपके परिवार को समझती है।

अपने निवेश, ज़िम्मेदारियों और आकांक्षाओं को एक साथ जोड़कर देखें।

हल्की बारिश में पारदर्शी छतरी के नीचे सुरक्षित काग़ज़ की एक नाव और फूलजो अहम है, उसे सुरक्षित रखें। जो आगे आने वाला है, उसे संवारें।

हम किन बातों को जोड़ने में मदद करते हैं

जहाँ आप आज हैं, वहाँ से जहाँ आप पहुँचना चाहते हैं, वहाँ तक।

01

पारिवारिक ज़रूरतें और वित्तीय लक्ष्य

शिक्षा, अपना घर, देखभाल की ज़िम्मेदारियों और जीवन की आकांक्षाओं को प्राथमिकता वाले लक्ष्यों में बदलें।

02

पोर्टफ़ोलियो की समझ और विश्लेषण

समझें कि आपके पास क्या है, निवेश आपस में कैसे काम करते हैं, और वे आपकी ज़रूरतों व जोखिम सहने की क्षमता से कैसे मेल खाते हैं।

03

पोर्टफ़ोलियो बनाना और समीक्षा

एसेट एलोकेशन, लक्ष्यों से तालमेल और बदलती परिस्थितियों के साथ नियमित समीक्षा के आधार पर एक ढाँचा तैयार करें।

04

सुरक्षा और रिटायरमेंट

वित्तीय सुरक्षा, भविष्य की आय की ज़रूरतों और भरोसेमंद रिटायरमेंट के लिए ज़रूरी संसाधनों पर विचार करें।

05

पारिवारिक संपत्ति नियोजन

परिवार की संपत्तियों, देनदारियों, स्वामित्व और वित्तीय ज़िम्मेदारियों की तस्वीर को और स्पष्ट करें।

06

विरासत और संपदा समन्वय

उत्तराधिकार की प्राथमिकताओं, नामित व्यक्तियों और संपदा नियोजन की बातचीत को उपयुक्त क़ानूनी और कर विशेषज्ञों के साथ व्यवस्थित करें।

हमारा तरीक़ा

सोची-समझी प्रक्रिया। निरंतर चलने वाला रिश्ता।

  1. समझना

    आपका परिवार, वित्तीय स्थिति, लक्ष्य और चिंताएँ।

  2. विश्लेषण

    आपका मौजूदा पोर्टफ़ोलियो, संसाधन और कमियाँ।

  3. योजना

    प्राथमिकताएँ, समय-सीमाएँ और एक जुड़ा हुआ रोडमैप।

  4. अमल

    तय किए गए क़दमों और ज़िम्मेदारियों में तालमेल बिठाएँ।

  5. समीक्षा

    जीवन और ज़रूरतें बदलने पर योजना की दोबारा समीक्षा करें।

हम किनके साथ काम करते हैं

व्यक्तियों के लिए। परिवारों के लिए। जीवन के बदलावों के लिए।

चाहे आप निवेश शुरू कर रहे हों, परिवार की अलग-अलग प्राथमिकताओं में संतुलन बना रहे हों, रिटायरमेंट के क़रीब हों या अगली पीढ़ी के बारे में सोच रहे हों, हम शुरुआत यह समझने से करते हैं कि आपके लिए क्या मायने रखता है।

शुरुआत उससे करें, जो आपके लिए मायने रखता है।

एक सोची-समझी बातचीत, स्पष्ट आर्थिक भविष्य की ओर पहला क़दम है।

परामर्श का अनुरोध करें